血色浪漫Jharkhand News: कालेज और पालीटेक्निक के अनुबंध शिक्षकों की नियमित नियुक्ति में आया बड़ा अपडेट, कहां-कहां मिलेगी छूट- मंत्री ने दी जानकारी_我的网站
一 | '단속 배제' 대가로 외국인 배달기사 신상 거래 정황 전남광주 서구 쌍촌동에 위치한 광주 출입국·외국인 사무소의 모습. 2026.8.18 ⓒ 뉴스1 박지현 기자(서울=뉴스1) 최동현 기자 = 법무부가 특정 배달대행업체와 '단속 제외 거래' 유착 의혹이 불거진 광주 외국인·출입국 사무소 직원을 수사 의뢰했다.법무부는 26일 "광주출입국 직원 및 배달대행업체 간 유착 의혹 기사와 관련해 감찰을 진행해 해당 직원의 부적절한 업무 처리를 확인했다"며 "범죄혐의 의혹을 밝히기 위해 해당 직원을 수사기관에 수사 의뢰했다"고 밝혔다.뉴스1이 관련 의혹 정황을 최초 보도한 지 22일, 법무부가 감찰에 착수한 지 16일 만이다.([단독] 광주출입국 직원-배달대행업체 '단속 제외 거래' 유착 의혹)앞서 뉴스1은 지난 4일 광주 출입국·외국인사무소 직원 A 씨가 지역 내 배달대행업체로부터 불법 외국인 배달 기사의 정보를 제공받는 대가로 해당 업체를 단속 대상에서 제외했다는 유착 의혹을 보도했다.광주 출입국 사무소는 '유착 의혹은 사실무근'이라고 해명했지만, A 씨와 배달대행업체 직원이 나눈 통화 녹취록이 공개되면서 논란은 일파만파 커졌다. 녹취록에는 '단속 배제'를 조건으로 업체 측과 불법 외국인 배달기사의 신상 정보를 거래하는 듯한 정황이 담겼다.지난 3월24일 이뤄진 통화에서 A 씨는 배달대행업체 직원 B 씨에게 "특정 업체 소속 직원 C 씨를 잡아달라는 신고가 들어왔다"고 말했다. 이에 B 씨는 "C 씨는 안 된다. C 씨 살리려고 '조공'을 바치는 것"이라며 하소연했다.B 씨는 A 씨에게 "(단속) 실적이 필요하면 말해달라"고 제안했고, A 씨는 "많이 필요하다"고 답했다. 그러자 B 씨는 "3월이 끝나기 전에 1~2명을 더 맞춰보겠다"고 약속했다.특정인을 단속 대상에서 제외하는 대가로 다른 외국인 배달기사의 정보를 넘겨 단속 실적을 채우려 한 것 아니냐는 의혹이 제기되는 대목이다.결국 법무부는 지난 10일 이민조사과장을 광주 출입국 사무소로 파견해 현장검증을 진행한 뒤 감찰에 본격 착수했다. 법무부는 "본 건에 대해 엄정히 대처하고 있다"고 밝혔다.。 राज्य ब्यूरो, रांची। राज्य सरकार अंगीभूत कालेजों तथा पालीटेक्निक संस्थानों में अनुबंध पर कार्यरत आवश्यकता आधारित शिक्षकों को नियमित नियुक्ति में वेटेज देगी। उन्हें आयु सीमा में भी छूट मिल सकती है। उच्च एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री सुदिव्य कुमार ने गुरुवार को इसके लिए दूसरे राज्यों में लागू व्यवस्था का अध्ययन कराने की घोषणा की। विधानसभा में इससे पहले कांग्रेस विधायक दल के नेता प्रदीप यादव ने ध्यानाकर्षण के माध्यम से आवश्यकता आधारित शिक्षकों के समायाेजन की मांग उठाते हुए कहा कि वे वर्षों से सेवा दे रहे हैं। उनका चयन साक्षात्कार के आधार पर आरक्षण रोस्टर पालन करते हुए किया गया है। मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने उन्हें नियमित नियुक्ति में वेटेज देने का निर्णय लिया है। आयु सीमा में छूट देने को लेकर भी दूसरे राज्यों में लागू व्यवस्था को देखा जाएगा। उन्होंने कहा कि उनका समायोजन नहीं हो सकता। क्योंकि प्रतियोगिता के अवसरों को सीमित किया जाएगा तो कहीं न कहीं गुणवत्ता प्रभावित होगी। इस पर प्रदीप यादव ने सवाल उठाया कि बिना योग्य होते हुए उनकी बहाली अनुबंध पर कैसे की गई? उनमें गुणवत्ता नहीं है तो बाहर कर दीजिए। मंत्री ने जवाब दिया कि उनकी बातों में ही विरोधाभास है। हम शिक्षकों की सेवा को नहीं भूलेंगे। नियमित नियुक्ति में वेटेज और आयु सीमा में छूट देने के लिए दूसरे राज्यों का अध्ययन कराएंगे।。 Current article:http://swqx.fanfutaopoulaxiong.pics/news/20260826_900.html Published on:01:27:28 |

